देवघर: झारखंड के देवघर जिले के मोहनपुर थाना क्षेत्र में अंधविश्वास की एक खौफनाक घटना सामने आई है। मिसरना गांव में 60 वर्षीय बुजुर्ग महिला का शव खदान से बरामद किया गया, जिसमें महिला का सिर धड़ से अलग था। चार दिन पहले महिला को डायन होने के शक में घर से जबरन उठा ले जाया गया था।
रविवार को गौरी पहाड़ी स्थित पत्थर खदान से महिला का सिर कटा शव मिला। एनडीआरएफ की टीम ने शव को बाहर निकाला, लेकिन उसका सिर काफी तलाश के बाद भी नहीं मिल सका। घटना ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी है।
जानकारी के अनुसार, गांव के एक किशोर की कुछ दिन पहले मौत हुई थी। परिजनों को शक था कि महिला डायन है और उसने ही नुकसान पहुंचाया है। इसी अंधविश्वास और बदले की भावना में आकर आरोपियों ने महिला की हत्या कर दी और साक्ष्य छिपाने के लिए शव को खदान में फेंक दिया।
महिला की बेटी ने चार महिलाओं और चार पुरुषों सहित कुल आठ लोगों को नामजद आरोपी बनाया है। पुलिस ने हत्या, अपहरण और षड्यंत्र के तहत मामला दर्ज कर लिया है और फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है।
एसडीपीओ सत्येंद्र प्रसाद और इंस्पेक्टर संतोष कुमार गुप्ता ने बताया कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। महिला को पहले भी डायन बताकर प्रताड़ित किया गया था, लेकिन पुलिस हस्तक्षेप के बाद मामला शांत हुआ था।
यह घटना झारखंड में अब भी प्रचलित अंधविश्वास, डायन प्रथा और सामाजिक कुरीतियों का एक दर्दनाक उदाहरण है।

