#रांची : झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर राज्य में बढ़ रहे हाथी हमलों को लेकर कड़े निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की सुरक्षा और नुकसान की भरपाई सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि हाथी हमलों से प्रभावित परिवारों को अधिकतम 12 दिनों के भीतर मुआवजा दिया जाए, ताकि पीड़ितों को राहत मिल सके। साथ ही, पिछले पांच वर्षों में हुई घटनाओं, मौतों, घायल लोगों और दिए गए मुआवजे का पूरा विवरण जल्द उपलब्ध कराने को कहा गया है।
सरकार द्वारा इस कदम का उद्देश्य मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करना और प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना है। अधिकारियों को ऐसे क्षेत्रों की पहचान कर आवश्यक रोकथाम उपाय लागू करने का भी निर्देश दिया गया है, जहां हाथियों की आवाजाही अधिक होती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस पहल से प्रभावित परिवारों को त्वरित सहायता मिलेगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को कम करने में मदद मिलेगी। राज्य सरकार का यह निर्णय ग्रामीण इलाकों में सुरक्षा और वन्यजीव संरक्षण के बीच संतुलन बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

